लोगों को हृदय संबंधित बीमारियों और स्वस्थ जीवन के प्रति जागरूक करने के लिए, 25 नवंबर 2018 को संस्थान की नागपुर शाखा द्वारा दुर्गा नगर, मणवाड़ा रोड, नागपुर, महाराष्ट्र में 'हृदय रोग- कारण और निवारण' स्वास्थ्य जागरूकता कार्यशाला आयोजित की गयी। इस कार्यशाला के लिए संस्थान ने ‘SAAOL Heart Centre, नागपुर से डॉ. आलम को आमंत्रित किया गया।
डॉ. आलम ने लगभग 400 प्रतिभागियों के साथ डेढ़ घंटे की जागरूकता कार्यशाला के दौरान प्रथम सत्र में बताया कि विश्व भर में प्रतिवर्ष 17.5 मिलियन से अधिक मौते कार्डियोवैस्कुलर बीमारी (CVD) से होती है, इसलिए हृदय स्वास्थ्य की देखभाल करना महत्वपूर्ण है। उन्होंने सबसे प्रचलित कार्डियोवैस्कुलर बीमारियों जैसे कि हार्ट अटैक एंड स्ट्रोक और उनके प्रमुख कारण जैसे उच्च रक्तचाप, कोलेस्ट्रॉल, मोटापा, धूम्रपान, मधुमेह और पारिवारिक इतिहास आदि के बारे में विस्तार से बताते हुए साथ ही हृदय रोगों से बचने के लिए सावधानी और उपायों के विषय में भी समझाया। कुछ प्रेरणादायक और सूचनात्मक वीडियो दिखाकर भी प्रतिभागियों को दिखाए गएजागरूक किया गया।
उन्होंने कहा कि एक श्रेष्ठ जीवन शैली विभिन्न हृदय रोगों की रोकथाम हेतु सबसे प्रमुख साधन है क्योंकि एक स्वस्थ हृदय को स्वस्थ जीवनशैली की आवश्यकता होती है', इसलिए खुशी, तनाव की कमी, पौष्टिक आहार व नियमित व्यायाम हृदय स्वस्थ के लिए महत्वपूर्ण हैं। प्रतिभागियों को दिल की बीमारियों को रोकने के लिए तेल रहित खाना पकाने, नियमित अभ्यास, योग, प्राणायाम और ध्यान सहित स्वस्थ जीवनशैली को अपनाने के लिए आसान युक्तियां दी गईं। एक इंटरैक्टिव सत्र के दौरान प्रतिभागियों के विभिन्न प्रश्नों का उत्तर दिए गए।
कार्यशाला के अंत में वकील डॉ. किशोर गौतम ने डॉ. आलम के सहयोग हेतु कृतज्ञता व्यक्त करते हुए उन्हें संस्थान का साहित्य भेंट किया।

